महामंत्री की रिपोर्ट

साथियों नमस्कार
जैसा कि आप सभी को विदित है कि हमारे संगठन ऑल इंडिया लाइफ इंश्योरेंस इंप्लाइज एसोसिएशन की वेतन पुनर्निर्धारण मसौदा निर्माण समिति की एक दिवसीय बैठक का आयोजन 26 फरवरी 2017 तथा ऑल इंडिया कार्यकारी समिति की बैठक का आयोजन विगत 27 फरवरी 2017 को सूरत मंडल में किया गया, यह संयोग ही कहा जाएगा की 27 फरवरी को ही निगम के चेयरमैन ने एक संयुक्त सूचना साझा कार्यक्रम (इंफॉर्मेशन शेयरिंग सेशन) आयोजित कर लिया। क्योंकि आल इंडिया लाइफ insurance इंप्लाइज एसोसिएशन का कार्यक्रम पूर्व निर्धारित था अतः लाइफ के ऑल इंडिया जनरल सेक्रेटरी श्री मनोहर वेगास ने संगठन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता और सदस्यों के प्रति अपने दायित्व के निर्वहन के उद्देश्य से पहले प्रबंधन द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम की तिथि में परिवर्तन करने हेतु प्रार्थना की परंतु प्रबंधन की विवशताओं के परिणाम स्वरुप उन्होंने यह निर्णय लिया कि वे संगठन के कार्यक्रम में स्वयं उपस्थित रहेंगे तथा प्रबंधन के सूचना साझा कार्यक्रम में संगठन के तीन सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल को प्रबंधन से वार्ता करने हेतु भेज देंगे अतः दिनांक 26 फरवरी 2017 को वेतन मसौदा निर्माण समिति तथा 27 एवं 28 फरवरी को कार्यकारी समिति की बैठक में न केवल अपनी उपस्थिति दर्ज कराई बल्कि अपने कुशल एवं सशक्त नेतृत्व का परिचय देते हुए कार्यक्रम को सफलता के शिखर तक पहुंचाया एवं प्रबंधन से वार्ता हेतु लाइफ के तीन प्रबुद्ध सदस्यों का प्रतिनिधिमंडल जिसमें लाइफ के वरिष्ठ साथी श्री कलापी देसाई लाइफ के नार्थ सेंट्रल जोन के महामंत्री श्री रघुवीर सिंह तथा मुंबई के साथी श्री गणेश नायक सम्मिलित थे।
साथियों अपने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 26 फरवरी 2017 को वेतन पुनर्निर्धारण मसौदा समिति की बैठक सूरत के हरि चंपा होटल के एक छोटे सभागार में कुछ विशिष्ट साथियों के साथ प्रातः लगभग 11:00 बजे से प्रारंभ होकर शाम 8:00 बजे तक चली,जिसमें तमाम गहन मुद्दों पर गंभीर चर्चा हुई यद्यपि इस बैठक में साथी कलापी देसाई जिनकी हमेशा वेतन मसौदा समिति या वेतन संबंधी तमाम मुद्दों पर प्रमुख भूमिका रहती है वे प्रबंधन द्वारा आयोजित सूचना साझा कार्यक्रम में प्रतिभागिता हेतु मुंबई में थे ,उनकी अनुपस्थिति में यद्यपि यह कार्य अत्यंत दुष्कर था परंतु संगठन के तमाम साथियों ने अपनी बुद्धिमत्ता का परिचय देते हुए इस जिम्मेदारी को बखूबी अंजाम दिया यहां पर यह बात स्पष्ट कर देना आवश्यक है कि हमारे लखनऊ मंडल से इस कार्यक्रम में पहली बार भाग लेने के लिए आए साथी सोमेंद्र श्रीवास्तव ने श्री कलापी देसाई की अनुपस्थिति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई एवं अपनी उपस्थिति का आभास कराया। सभा में उपस्थित तमाम साथियों ने साथी सोमेंद्र श्रीवास्तव   की भूरि भूरि प्रशंसा की, साथी सोमेंद्र की विलक्षण प्रतिभा से प्रभावित होकर ऑल इंडिया महामंत्रीश्री मनोहर वेगास ने 27 फरवरी को कार्यकारी समिति में सभा संचालन का कार्यभार साथी सोमेंद्र श्रीवास्तव को सौप दिया जिसे उन्होंने अत्यंत सफल तरीके से अंजाम दिया।
वेतन मसौदा निर्माण समिति द्वारा लिए गए निर्णयों पर पूरे दिन एक सारगर्भित चर्चा पूरे देश के कोने कोने से आए समस्त साथियों ने अत्यंत गंभीर रूप से की, इस सभा में चर्चा किए जाने वाले मुख्य बिंदु निम्न प्रकार हैं
सर्वप्रथम पिछले वेतन पुनर्निर्धारण के समय में जिन मुद्दों को अभी तक पूरा नहीं किया गया, विशेषकर उन लंबित मांगों को जिनमें फाइव डेज वीक, अर्जित अवकाशों की संख्या 240 से बढ़ाकर 270 किए जाना, जिन साथियों को बोनस मिलना है उनको तुरंत बोनस का भुगतान किया जाना इत्यादि प्रमुख थे, इसके अतिरिक्त कुछ अन्य बिंदुओं पर भी विचार विमर्श किया गया वह इस प्रकार हैं
जैसे, की हैंडलिंग (cash key handling allownce) अलाउंस, कारपोरेट आइडेंटिटी के लिए वर्दी या यूनिफार्म की व्यवस्था, पीएलआई में इक्विटी से मिलने वाले लाभों को भी जोड़ा जाना, ग्राहकों एवं कर्मचारियों के लिए टी एंड कॉफ़ी डिस्पेंसर की व्यवस्था की जानी चाहिए या फिर एंटरटेनमेंट अलाउंस सभी को मिलना चाहिए, न्यूज़पेपर अलाउंस की भी मांग की गई, पीएफ लोन जो अभी तक पांच गुनाहै आठ गुना किये जाने का, LTC इंस्टॉलमेंट में, GSLI दुगनी, एलटीसी विदेश यात्रा स्वीकृत किए जाने का, मोटरसाइकिल एडवांस पर सीमा समाप्ति , पीएलआई का आकलन आवश्यक रूप से केंद्रीय कार्यालय स्तर पर किए जाने तथा सभी को समान रूप से p l l i का भुगतान किये जाने का प्रस्ताव रखा गया, इसके अतिरिक्त भी कुछ मुद्दों पर सारगर्भित चर्चा हुई, कार्यकारी समिति की बैठक का पहला दिन वेतन पुनर्निर्धारण मसविदा निर्माण को समर्पित रहा
यह संयोग ही था कि इधर हमारी कार्यकारी समिति की बैठक चल रही थी और उधर मुंबई में हमारे साथी प्रबंधन द्वारा आयोजित सूचना साझा सत्र में भाग ले रहे थे 27 फरवरी को सूचना साझा सत्र दो सत्रों में विभक्त रहा, पहले सत्र में तो प्रबंधन द्वारा तमाम 14 संगठनों को संयुक्त रुप से संबोधित किया गया जिसमें प्रबंधन ने कर्मचारियों से अपेक्षाओं पर ही ध्यान केंद्रित रखा, द्वितीय सत्र में प्रबंधन ने संगठन के प्रतिनिधियों से अलग-अलग वार्ता की जिसमें हमारे तीन सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने प्रबंधन के समक्ष अपने सदस्यों की अपेक्षाओं को अत्यंत सशक्त एवं न्यायोचित ढंग से प्रस्तुत किया और इसे भी संयोग ही माना जाएगा कि हमारे क्षेत्रीय महामंत्री श्री रघुवीर सिंह स्वयं इस प्रतिनिधिमंडल का सशक्त अंग थे, जो लखनऊ मंडल की कार्यकारिणी समिति की बैठक में व्यक्तिगत रुप से उपस्थित थे।
वार्ता के दौरान उन्होंने उन तमाम सार्थक विषयों का समावेश अपनी बातचीत में किया जिन विषयों को लखनऊ मंडल की कार्यकारिणी के सदस्यों ने इंगित किया था वे सभी विषय निम्नवत हैं :-
हमारे प्रतिनिधिमंडल ने इस सूचना साझा सत्र को 1 दिन के बजाए कम से कम 2 दिन का करने का अनुरोध किया, 5 दिवसीय सप्ताह लागू न किए जाने पर, साथियों का बोनस भुगतान ना होने पर, TMP पर प्रबंधन के मनमाने रवैये पर विरोध जताया, बायोमैट्रिक्स पर वर्तमान स्थिति तथा मोबाइल के लिए भी प्रबंधन से अनुरोध किया, entertainment अलाउंस, न्यूजपेपर व्यय का भुगतान, मेडिक्लेम पॉलिसी में सुधार, वेतन पुनर्निर्धारण के समान पेंशन पुनर्निर्धारण किए जाने की मांग, यथाशीघ्र सहायकों की भर्ती किए जाने की मांग, जबरन फिंगर इंप्रेशन मशीन रिसीव कराए जाने पर तथा भी अपनी मांग रखी,
संगठन की मांगों के उत्तर में प्रबंधन ने निम्न तर्क प्रस्तुत किए
पांच दिवसीय सप्ताह के लागू किए जाने के संबंध में प्रबंधन का यह कहना था कि यह मुद्दा सरकार के पास लंबित है तथा सरकार इस मांग को बैंक पैटर्न पर स्वीकृत करने को तैयार है जबकि हम इसे GIPSA के आधार पर स्वीकृत करना चाहते हैं। (जिसका तात्पर्य सभी शनिवार को छुट्टी होनी चाहिए)
बायोमैट्रिक्स पर प्रबंधन का यह स्पष्ट तर्क था कि अबतक पायलट प्रोजेक्ट पूरा किया जा चुका है आगामी 4 से 5 माह में 4 चरणों में बायोमेट्रिक्स क्रियान्वयन का पूरा कार्य पूरे भारतवर्ष में पूर्ण कर लिया जाएगा
पेंशन ऑप्शन पर प्रबंधन का यह तर्क था कि कि यद्यपि सरकार ने इसे अस्वीकृत कर दिया है फिर भी प्रयास जारी रहेगा
270 दिन के विशेषाधिकार अवकाश तथा पितृत्व अवकाश की स्वीकृति शासन में ही लंबित है
CCL यानि चाइल्ड केयर लीव की मांग पर भी प्रबंधक ने सकारात्मक रूप दिखाया
हीरक जयंती पर किसी भी प्रकार के उपहार संबंधी प्रस्ताव को प्रबंधन ने नकार दिया
प्रबंधन ने मोबाइल संबंधी मांग को भी सकारात्मक संकेतों के साथ नोट कर लिया
नई पेंशन योजना के अंतर्गत आने वाले कर्मचारियों के लिए अब तक का सारा ब्यौरा 1 अप्रैल 2017 तक उपलब्ध करा दिया जाएगा
एलटीसी संबंधी किसी भी प्रस्ताव को लंबित होने के विषय को प्रबंधक ने अस्वीकार किया
गृह ऋण सब्सिडी संबंधी कठिनाइयों के निराकरण का 80% कार्य अब तक पूरा किया जा चुका है जल्दी ही इस संबंध में सॉफ्टवेयर जारी कर दिया जाएगा
हॉस्पिटल तथा पैथोलॉजी की संबद्धता पर स्पष्टीकरण देते हुए यह बताया गया कि उनकी संबद्धता मंडलीय स्तर पर एक समिति के माध्यम से की जा सकती है
मेडिक्लेम पॉलिसी पर सुझाव आमंत्रित करने का आश्वासन दिया ( मेडिक्लेम पॉलिसी पर सुझाव आमंत्रित किए जा चुके हैं)
पेंशन रिविजन के विषय पर मामला अदालत में लंबित होने के कारण प्रबंधन ने उससे अपना पल्ला झाड़ लिया
केंद्र सरकार या बैंक के आधार पर वेतन पुनर्निर्धारण का कोई भी प्रस्ताव लंबित होने के प्रश्न पर प्रबंधन ने साफ मना कर दिया
बोनस के विषय पर प्रबंधन ने जब कहा कि मामला शासन स्तर पर लंबित है तो हमारे प्रतिनिधियों ने उन्हें यह सुझाव दिया की अगली बार यदि संभव हो सके तो वार्तालाप में, यदि शासन का कोई प्रतिनिधि भी सम्मिलित हो तो उचित रहेगा।
तृतीय श्रेणी भर्ती के संबंध में प्रबंधन ने स्पष्ट किया कि वह बहुत जल्दी भर्ती संबंधी प्रक्रिया प्रारंभ करेंगे, इतना ही नहीं उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह भर्ती दो से तीन चरणों में होगी
TMP के विषय पर संगठन ने यह भी स्पष्ट किया कि वर्तमान में किया कि वर्तमान में अधिकारियों एवं कर्मचारियों के मध्य वास्तविक अनुपात 1:1.78 है जो कि प्रबंधन के दावों से बिल्कुल विपरीत है इस आधार पर संगठन ने जबरन TMP लागू किए जाने का विरोध दर्ज कराया और प्रबंधन से अनुरोध किया कि अधिकारी एवं कर्मचारी के बीच उचित अनुपात का स्तर बनाए बिना TMP लागू न कराई जाए, इसके उत्तर में प्रबंधन ने यह बताया कि वे कुछ बाहरी एजेंसीयों से कैडर स्ट्रेंथ फॉर्मूला (CADRE STRENGTH FORMULA) बनवा रहे हैं, ताकि TMP क्रियान्वयन न्यायोचित तरीके से हो सके।
संपूर्ण सत्र में सांगठनिक एक जुटता एवं सशक्तिकरण पर विशेष बल दिया गया।
धन्यवाद
क्रांतिकारी अभिवादन सहित आपके सहयोग का सदैव आकांक्षी व ऋणी

अजहरजमाल सिद्दीकी,

महामंत्री, लाईफ इंश्योरेंस इम्पलाईज एसोसिएशन, लखनऊ मंडल

 

3 thoughts on “महामंत्री की रिपोर्ट

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